Vijay Hazare Trophy: भारतीय घरेलू क्रिकेट के प्रतिष्ठित टूर्नामेंट विजय हजारे ट्रॉफी 2025–26 में भारतीय क्रिकेट के दो दिग्गज बल्लेबाज़ रोहित शर्मा और विराट कोहली ने शतकीय पारियां खेलकर एक बार फिर अपनी क्लास और अनुभव का लोहा मनवाया है। लंबे समय बाद घरेलू वनडे क्रिकेट में उतरे इन दोनों सीनियर खिलाड़ियों का बल्ला जमकर बोला और उन्होंने यह साफ कर दिया कि अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट के साथ-साथ घरेलू मंच पर भी उनका दबदबा बरकरार है।
रोहित शर्मा की तूफानी बल्लेबाज़ी, मुंबई को दिलाई बड़ी जीत
मुंबई की ओर से खेलते हुए Rohit Sharma ने सिक्किम के खिलाफ मुकाबले में विस्फोटक अंदाज़ में बल्लेबाज़ी की। रोहित ने मैदान पर उतरते ही आक्रामक रुख अपनाया और गेंदबाज़ों पर लगातार दबाव बनाए रखा। उन्होंने 155 रनों की शानदार पारी खेली, जिसमें कई आकर्षक चौके और लंबे छक्के शामिल रहे। रोहित की इस पारी की खास बात यह रही कि उन्होंने शुरुआत से ही रन गति को तेज रखा और किसी भी गेंदबाज़ को सेट होने का मौका नहीं दिया।
रोहित की इस धमाकेदार पारी की बदौलत मुंबई की टीम बड़ा स्कोर खड़ा करने में सफल रही। उनका आत्मविश्वास, टाइमिंग और शॉट सिलेक्शन देखने लायक रहा। इस प्रदर्शन के लिए रोहित शर्मा को मैन ऑफ द मैच चुना गया। घरेलू क्रिकेट में उनकी यह वापसी आगामी अंतरराष्ट्रीय टूर्नामेंटों के लिहाज़ से भी अहम मानी जा रही है।
विराट कोहली ने संयम और आक्रामकता का दिखाया संतुलन
दूसरी ओर, Virat Kohli ने दिल्ली की तरफ से खेलते हुए आंध्र प्रदेश के खिलाफ मुकाबले में शतकीय पारी खेली। कोहली ने अपनी पारी की शुरुआत संभलकर की और क्रीज़ पर टिकने के बाद धीरे-धीरे रन गति बढ़ाई। उन्होंने बेहतरीन फुटवर्क और क्लासिकल शॉट्स के ज़रिए मैदान के चारों ओर रन बटोरे।
विराट का यह शतक दबाव की स्थिति में आया, जहां टीम को एक मजबूत पारी की जरूरत थी। उन्होंने न केवल पारी को संभाला बल्कि अंत तक टिककर दिल्ली की टीम को मज़बूत स्थिति में पहुंचाया। घरेलू क्रिकेट में कोहली का यह प्रदर्शन दर्शाता है कि उनका अनुभव और मैच टेंपर अभी भी शीर्ष स्तर का है।
घरेलू क्रिकेट में सीनियर खिलाड़ियों की अहम भूमिका
रोहित शर्मा और विराट कोहली जैसे सीनियर खिलाड़ियों का Vijay Hazare Trophy जैसे घरेलू टूर्नामेंट में खेलना युवा खिलाड़ियों के लिए प्रेरणास्रोत माना जाता है। इन दोनों खिलाड़ियों की मौजूदगी से न केवल टूर्नामेंट की प्रतिस्पर्धा बढ़ती है, बल्कि युवा बल्लेबाज़ों और गेंदबाज़ों को सीखने का भी मौका मिलता है।
विशेषज्ञों का मानना है कि घरेलू क्रिकेट में इस तरह के प्रदर्शन से चयनकर्ताओं को भी स्पष्ट संदेश मिलता है कि ये खिलाड़ी अभी भी बड़े मुकाबलों के लिए पूरी तरह तैयार हैं। साथ ही यह भारतीय क्रिकेट की मजबूत बेंच स्ट्रेंथ को भी दर्शाता है।
चयन और आगामी सीरीज़ के लिहाज़ से अहम
रोहित शर्मा और विराट कोहली का विजय हजारे ट्रॉफी में शतक लगाना आगामी अंतरराष्ट्रीय सीरीज़ और बड़े टूर्नामेंटों के लिए सकारात्मक संकेत माना जा रहा है। दोनों खिलाड़ियों ने यह साबित कर दिया है कि रन बनाने के लिए उन्हें किसी विशेष मंच की जरूरत नहीं है — घरेलू या अंतरराष्ट्रीय, वे हर स्तर पर असर छोड़ सकते हैं।
टीम मैनेजमेंट और चयनकर्ताओं की नजर अब आने वाले मुकाबलों पर रहेगी, जहां यह देखना दिलचस्प होगा कि दोनों खिलाड़ी इस फॉर्म को आगे भी बरकरार रख पाते हैं या नहीं।
दर्शकों में बढ़ा उत्साह
रोहित शर्मा और विराट कोहली की शतकीय पारियों से क्रिकेट प्रशंसकों में भी खासा उत्साह देखने को मिला। सोशल मीडिया पर इन दोनों बल्लेबाज़ों की जमकर तारीफ हो रही है और फैंस एक बार फिर उन्हें बड़े मंच पर इसी अंदाज़ में खेलते देखने की उम्मीद जता रहे हैं।
कुल मिलाकर, विजय हजारे ट्रॉफी में रोहित शर्मा और विराट कोहली का यह प्रदर्शन भारतीय क्रिकेट के लिए एक मजबूत संदेश है कि अनुभव और क्लास कभी फीकी नहीं पड़ती।