Shubhman Gill: एंडरसन तेंदुलकर ट्राफी के दूसरे मैच के दूसरे दिन भारत के कप्तान शुभमन गिल का बल्ला ऐसा गरजा कि उसकी आवाज सात समुंदर पार इंडिया की सरजमी पर सुनाई दे रहा है। या यूं कहें कि शुभमन की सुनामी से एक ही झटके में बड़े बड़े रिकॉर्ड टूट गए। शुभमन गिल भले ही टीम इंडिया के सबसे युवा कप्तानों में शामिल हों लेकिन बल्लेबाजी में उनके कारनामे बड़े बड़े दिग्गजों को टक्कर दे रहे हैं। बर्मिंघम में में पहली पारी में दोहरा शतक लगाकर कई रिकॉर्ड तोड़ दिए। अपने इस प्रदर्शन से उन्होंने साबित कर दिया है कि उन्हें ये जिम्मेदारी क्यों मिली है।
30 चौके 3 छक्के की मदद से बनाए 269
पहले दिन शतक जड़ने के बाद कप्तान शुभमन गिल के दूसरे दिन मैदान में उतरते ही साफ हो गया था कि वह लंबी पारी के प्लान में हैं। लेकिन यह लंबी पारी इतनी लंबी होगी कि इसमें सारे रिकॉर्ड टूटकर बह जाएंगे यह तकाजा नहीं था,और शायद इसका अंदाजा इंग्लैंड को भी नहीं था। उन्होंने रविन्द्र जडेजा के साथ अहम साझेदारी निभाई। रविन्द्र जडेजा के बाद वॉशिंगटन सुंदर के साथ साझेदारी निभाते हुए उन्होंने अपना दोहरा शतक भी पूरा किया। शुभमन गिल ने मात्र 311 गेंदों में दोहरा शतक जड़ दिया। गिल ने 387 गेंदों में 30 चौकों और 3 छक्के की मदद से अकेले 269 रन बनाए।

सुनील गावस्कर को छोड़ा पीछे
गिल 269 रन बनाकर इंग्लैंड की जमीन पर सबसे ज्यादा रन बनाने वाले भारतीय बन गए हैं। इतनी बड़ी पारी खेलने के बाद गिल ने सुनील गावस्कर को पीछे छोड़ दिया। इससे पहले सुनील गावस्कर ने 1979 में 221 रनों की पारी खेली थी। इसके साथ ही वह तीसरे भारतीय बन गए हैं जिन्होंने इंग्लैंड की सरजमी पर टेस्ट क्रिकेट में दोहरा शतक लगाया हो।
विदेशी जमीन पर दोहरा शतक लगाने वाले दूसरे भारतीय कप्तान बने गिल
ये दोहरा शतक शुभमन गिल ने कप्तान बनने के बाद तीसरी पारी में ही लगाया है। इस मामले में भी वह सुनील गावस्कर की बराबरी पर पहुंच गए हैं। बतौर टेस्ट कप्तान वह विदेशी जमीन पर दोहरा शतक लगाने वाले दूसरे भारतीय खिलाड़ी बन गए हैं। इससे पहले केवल विराट कोहली ने विदेशी जमीन पर दोहरा शतक लगाया था। कोहली ने 2016 में नार्थ साउंड में दोहरा शतक जड़ा था।